ई-श्रम कार्ड योजना
केंद्र सरकार ने गरीब और कमजोर आर्थिक स्थिति वाले लोगों और मजदूरों के लिए ई-श्रम कार्ड योजना शुरू की है। इस योजना में लाभ पाने वाले लोगों को 2 लाख रुपए तक का स्वास्थ्य बीमा और कई अन्य सुविधाएं मिलती हैं। साथ ही, हर ई-श्रम कार्ड धारक को हर महीने 1000 रुपए की आर्थिक मदद भी दी जाती है।
जिन लोगों को यह मदद मिली है, उनकी सूची सरकार ने ई-श्रम कार्ड की ऑफिशियल वेबसाइट पर जारी कर दी है। अगर आप भुगतान सूची (Payment List) देखना चाहते हैं या ई-श्रम कार्ड के लिए आवेदन करना चाहते हैं, तो हमारे इस लेख को अंत तक पूरा जरूर पढ़ें। इसमें हमने सभी जरूरी जानकारी आसान भाषा में बताई है।
| Table Of Content 1. ई-श्रम कार्ड 2. ई-श्रम कार्ड के लाभ 3. ई-श्रम कार्ड पोर्टल पर मिलने वाली विभिन्न योजनाएं 4. ई-श्रम कार्ड के लिए आवश्यक दस्तावेज(Document) 5. ई-श्रम कार्ड ऑनलाइन अप्लाई करते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए? 6. ई-श्रम कार्ड रजिस्टर करने की प्रक्रियाएं |

ई-श्रम कार्ड :
केंद्रीय रोजगार मंत्री भूपेंद्र यादव ने ई-श्रम कार्ड योजना की शुरुआत की है। इसका मकसद देश के 38 करोड़ असंगठित क्षेत्र के मजदूरों, जैसे फेरीवाले, सब्जी बेचने वाले, घरेलू कामगार आदि का डेटाबेस बनाना है। 15 जुलाई 2022 तक 5.37 करोड़ मजदूरों ने इस कार्ड के लिए पंजीकरण करा लिया था। मगर, इनमें से ज़्यादातर के पास बैंक खाता नहीं है, और जिनके पास है, उनके खाते आधार कार्ड से लिंक नहीं हैं। इस वजह से सरकार की तरफ से मिलने वाली सब्सिडी का फायदा मजदूरों तक नहीं पहुँच पाता। इस समस्या को देखते हुए सरकार ने बैंकों को निर्देश दिए हैं कि वे सुनिश्चित करें कि सभी मजदूरों के बैंक खाते आधार से जुड़े हों। आधार लिंक होने से पंजीकरण की प्रक्रिया तेज़ होगी और मजदूरों को सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा।
ई-श्रम कार्ड के लाभ :
ई-श्रम कार्ड का मकसद असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को सीधे सरकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाना है। इस पोर्टल के जरिए देशभर के ऑटो चालक, सब्जी विक्रेता, मजदूर, निर्माण कर्मी जैसे 38 करोड़ श्रमिकों का डेटा जुटाया जाएगा। अब तक 19 करोड़ से ज्यादा रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं। इससे सभी सरकारी सुविधाएँ एक ही प्लेटफॉर्म पर मिलेंगी। भविष्य में कोरोना जैसी आपात स्थितियों में यह पोर्टल मजदूरों तक तुरंत मदद पहुँचाने में मदद करेगा। साथ ही, इससे उनकी पहचान और सुरक्षा को बल मिलेगा। यह कदम असंगठित क्षेत्र को व्यवस्थित करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
ई-श्रम कार्ड पोर्टल पर मिलने वाली विभिन्न योजनाएं :
ई-श्रम पोर्टल पर आपको कई सरकारी योजनाओं का फायदा एक ही जगह मिल सकता है। जैसे:
- प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना (जीवन बीमा),
- प्रधानमंत्री आवास योजना (मकान बनाने/खरीदने में मदद),
- अटल पेंशन योजना (बुढ़ापे के लिए पेंशन),
- प्रधानमंत्री सुरक्षा योजना (दुर्घटना बीमा),
- नेशनल पेंशन योजना (पेंशन की सुविधा)।
इनमें से कोई भी योजना चुनकर आप इसका फायदा उठा सकते हैं। इन सभी योजनाओं की जानकारी और आवेदन का काम ई-श्रम पोर्टल के जरिए आसानी से किया जा सकता है।
प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना :
प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना भारत सरकार के वित्त मंत्रालय द्वारा चलाई जाती है। इस योजना में शामिल होने के लिए आप अपने आसपास के किसी भी बैंक में जाकर आवेदन कर सकते हैं। अगर कोई व्यक्ति इस योजना के तहत पंजीकरण करवाता है और किसी दुर्भाग्यवश उसकी मृत्यु हो जाती है, तो उस व्यक्ति के नॉमिनी (नामांकित व्यक्ति) को 2 लाख रुपये तक की राशि मुआवजे के रूप में दी जाती है।
यह राशि परिवार को आर्थिक मदद देने के लिए होती है, खासकर गंभीर बीमारी या दुर्घटना जैसी स्थितियों में। इस योजना का उद्देश्य गरीब और कमजोर वर्ग के लोगों को सुरक्षा कवच प्रदान करना है।
प्रधानमंत्री आवास योजना :
सरकार की इस योजना में गाँव के गरीबों को अपना घर बनाने के लिए आर्थिक मदद मिलती है। सामान्य इलाकों में 1.20 लाख रुपये और पहाड़ी क्षेत्रों में 1.30 लाख रुपये की राशि दी जाती है। यह पैसा जरूरतमंद परिवारों को मजबूत और सुरक्षित घर बनाने में मदद करता है। यह योजना ग्रामीण लोगों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए शुरू की गई है।
अटल पेंशन योजना :
अटल पेंशन योजना में 60 साल की उम्र के बाद हर महीने पेंशन मिलती है। इसमें शामिल होने के लिए 18 से 40 साल की उम्र के बीच पैसा जमा करना ज़रूरी है। आपकी बचत के हिसाब से, 60 साल की उम्र पर 1,000 से 5,000 रुपए तक की मासिक पेंशन मिलेगी। अगर पेंशन पाने वाले व्यक्ति की मृत्यु हो जाए, तो यह पेंशन उनके नामांकित व्यक्ति (जैसे पति/पत्नी या बच्चे) को मिलती रहेगी। यह योजना बुढ़ापे में आर्थिक मदद देने के लिए बनाई गई है।
आयुष्मान भारत प्रधान मंत्री आरोग्य योजना :
यह योजना मध्यम और गरीब वर्ग के लिए बहुत फायदेमंद है। इसमें हर ज़रूरतमंद परिवार को 5 लाख रुपये तक का मेडिकल बीमा मिलता है। इससे लोग किसी भी अच्छे अस्पताल में अपना इलाज आसानी से करवा सकते हैं। यह बीमा गंभीर बीमारियों के खर्च को कवर करता है, जिससे परिवार पर पैसे का दबाव नहीं पड़ता। अगर मरीज की मृत्यु हो जाए, तो नॉमिनी को भी सहायता मिलती है। यह योजना स्वास्थ्य संकट के समय आर्थिक सुरक्षा देने का एक सरल तरीका है।
प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना :
18 से 40 साल तक के लोग इस योजना में भाग ले सकते हैं। इसमें हर महीने ₹55 से ₹200 तक जमा करने होते हैं। जब व्यक्ति की उम्र 60 साल हो जाएगी, तो उसे हर महीने ₹3000 पेंशन मिलेगी। अगर व्यक्ति की मौत हो जाती है, तो उसकी पत्नी या पति को पेंशन का 50% (आधा हिस्सा) मिलता रहेगा। यह सुविधा जीवनभर चलती है।
नेशनल पेंशन स्कीम :
भारत की राष्ट्रीय पेंशन योजना सभी नागरिकों के लिए है। इसमें भाग लेने वाले व्यक्ति की उम्र 18 से 60 साल के बीच होनी चाहिए। व्यक्ति जितना पैसा इस योजना में जमा करता है, उतनी ही राशि सरकार भी जोड़ती है। 60 साल की उम्र होने पर व्यक्ति को नियमित पेंशन मिलने लगती है। यह योजना सेवानिवृत्ति के बाद आर्थिक सहायता देने का एक सरल तरीका है।
प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना :
प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में अगर कोई व्यक्ति रजिस्ट्रेशन करवाता है और उसकी सड़क हादसे या किसी अन्य दुर्घटना में मौत हो जाती है, तो उसके नॉमिनी (नामांकित व्यक्ति) को 2 लाख रुपए मिलते हैं। वहीं, अगर दुर्घटना में व्यक्ति विकलांग (अपंग) हो जाता है, तो उसे 1 लाख रुपए का लाभ दिया जाता है। यह बीमा योजना आकस्मिक मौत या शारीरिक नुकसान की स्थिति में आर्थिक मदद प्रदान करती है।
मनरेगा :
मनरेगा योजना का मकसद ग्रामीण लोगों को उनके गाँव/क्षेत्र में ही रोज़गार दिलाना है। केंद्र सरकार इसके तहत हर परिवार को साल में 100 दिन का रोज़गार देने की गारंटी देती है। परिवार का कोई बड़ा सदस्य आवेदन कर सकता है। आवेदन मिलने के 15 दिन के भीतर उसे काम दिया जाना चाहिए। अगर 15 दिन में काम नहीं मिलता, तो सरकार बेरोज़गारी भत्ता देती है। पहले 30 दिन तक यह भत्ता न्यूनतम मजदूरी का एक चौथाई (25%) होता है। 30 दिन के बाद यह बढ़कर न्यूनतम मजदूरी का आधा (50%) हो जाता है। इससे लोगों को आर्थिक सहारा मिलता है।
दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना :
दीनदयाल उपाध्याय योजना गाँव के बेरोजगार युवाओं को अलग-अलग काम सीखने का मौका देती है। इस योजना से मिलने वाला सर्टिफिकेट पूरे भारत में काम आएगा। ज़्यादा युवाओं को फ़ायदा देने के लिए हर राज्य में ट्रेनिंग सेंटर खोले जाएँगे। इस योजना में 200 से भी ज़्यादा कामों को चुना गया है, जैसे इलेक्ट्रिशियन, टेलर, कारपेंटर आदि। युवा अपनी पसंद के काम की ट्रेनिंग लेकर उसमें एक्सपर्ट बन सकते हैं और रोज़गार पा सकते हैं। सरकार का लक्ष्य है कि हर युवा को अपनी मेहनत से आगे बढ़ने का मौका मिले!
प्रधानमंत्री स्वनिधि :
यह योजना 50 लाख से अधिक लोगों को छोटा व्यवसाय शुरू करने के लिए ₹10,000 तक का लोन देकर सहायता करती है। आवेदन के लिए किसी दस्तावेज़ की जरूरत नहीं है। यदि आप किस्त चुकाने में चूक जाते हैं, तो कोई जुर्माना नहीं है। हालांकि, समय पर भुगतान करने पर लोन राशि पर 7% सब्सिडी (छूट) मिलती है, जो हर 6 महीने में आपके खाते में जमा कर दी जाएगी। इसका उद्देश्य स्ट्रीट वेंडर्स, छोटे विक्रेताओं और अन्य को उनके व्यवसाय को आसानी से बढ़ाने में मदद करना है, जिसमें लचीले नियम और समय पर भुगतान के लिए वित्तीय लाभ शामिल हैं।
प्रधानमंत्री कौशल योजना :
इस योजना का फ़ायदा देश के उन युवाओं को मिलेगा जिन्होंने 10वीं या 12वीं कक्षा बीच में ही छोड़ दी है। इन युवाओं को योजना के तहत अलग-अलग कामों में मुफ़्त प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि उन्हें नौकरी पाने में मदद मिल सके। साथ ही, युवाओं की शैक्षणिक योग्यता और क्षमता के हिसाब से उन्हें नौकरी दिलाने में भी सहायता की जाएगी।
प्रधानमंत्री एम्प्लॉयमेंट जनरेशन प्रोग्राम :
केंद्र सरकार की इस योजना के जरिए बेरोजगार युवाओं को अपना खुद का काम शुरू करने में मदद मिलेगी। इसके तहत युवाओं को 10 लाख रुपए से लेकर 25 लाख रुपए तक का लोन दिया जाएगा। साथ ही, उनकी जाति और रहने के इलाके (शहर या गाँव) के हिसाब से सब्सिडी (आर्थिक छूट) भी मिलेगी। यह योजना देश के शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों के युवाओं के लिए है, ताकि वे अपने बल पर काम करके आत्मनिर्भर बन सकें।
ई श्रमिक के लिए आवश्यक दस्तावेज(Document)
ई-श्रम कार्ड बनाने के लिए आवश्यक दस्तावेज निम्नलिखित है । –
• आधार कार्ड
• मोबाइल नंबर (वही नंबर जो आधार से लिंक हो)
• बैंक खाता पासबुक
• आयु प्रमाण पत्र (PAN कार्ड दे सकते है) (आयु 16 से 59 के बीच होना अनिवार्य है)
• पासपोर्ट साइज फोटो
• राशन कार्ड
• निवास प्रमाण पत्र
ई-श्रम कार्ड ऑनलाइन अप्लाई करते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?
• आवेदन करने के पूर्व सभी दिशा निर्देशों को अच्छे से पड़ ले । अच्छे से समझ ले, ताकि भविष्य में कोई असुविधा ना हो।
• आवेदन करते समय ध्यान रखे सभी जानकारी सही और सटीक हो, अन्यथा आवेदन स्वीकार भी नही किया जाएगा ।
• सभी ओरिजिनल दस्तावेज अपने पास रखे ताकि जरूरत पड़ने पर स्कैन करके अपलोड भी कर सकते है।
• यदि आप सक्षम है, तो आप अपना आवदेन खुद ही करे ।
ई-श्रम कार्ड रजिस्टर करने की प्रक्रियाएं
ई श्रम कार्ड के लिए ऑनलाइन आवेदन करना होता है । इसके लिए नीचे दिए गए लिंक पे क्लिक करे । इससे ऑफिशियल वेब साइड में आ जाएंगे जहा पर ऑनलाइन आवदेन कर सकते है।
ई – श्रम कार्ड लिंक : https://register.eshram.gov.in/#/user/self
जैसे ऊपर दिए लिंक पे क्लिक करते है । वैसे ही सामने ये पेज खुल के आ जायेगा ।

यहां पर आपको अपना मोबाइल नंबर(जो आधार कार्ड से लिंक हो) दर्ज करे। इसके बाद कोड को कैप्चा करे । उसके बाद epfo या esic में रजिस्टर है या नही क्लिक करे।
• इसके बाद रजिस्टर मोबाइल नंबर पर OTP आएगा। OTP को दिए गए बॉक्स में फील करना है। तब पश्चात सत्यापिक विकल्प पर क्लिक करे।
• अब आपके सामने ई-श्रम कार्ड का फॉर्म खुल कर आ जायेगा । यहा पर सभी जानकारी सही और सटीक फील करे । साथ ही सावधानी पूर्वक सबमिट करे ।
• अब आपको कुछ ही क्षणों में 12 अंको वाला कोड मिल जायेगा ।
भारत सरकार द्वारा घोषित किए और भी योजनाओं को जानने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करे
लिंक : http://Studyyojana.com